बेचैन आत्मा

24.12.17

लोहे का घर-34

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देर सबेर प्लेटफार्म पर ट्रेन  आ गई तो ट्रेन को देखते ही रोज के यात्रियों की पहली समस्या होती है कि किस बोगी में चढ़ें? 60 किमी की दूरी के ...
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17.12.17

छेड़छाड़

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छेड़छाड़ करने वाले गंदे लड़कों ने प्यार करने वालों का जीना हराम कर दिया है. इतने सख्त क़ानून बनवा दिए कि लड़कों का लड़कियों को लाइन मारना भी मुश...
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सुबह की बातें-7

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सुबह उठा तो देखा-एक मच्छर मच्छरदानी के भीतर! मेरा खून पीकर मोटाया हुआ,करिया लाल। तुरत मारने के लिए हाथ उठाया तो ठहर गया। रात भर का साफ़ हाथ...
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लोहे का घर-33

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भण्डारी स्टेशन जौनपुर के प्लेटफार्म नंबर 1 पर एक ट्रेन  दुर्ग-नौतनवां 18201 आधे घंटे से अधिक समय से खड़ी है। दुर्ग से आई है और शाहगंज आजमग...
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एक दिन की जिन्दगी

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जिंदगी चार दिन की नहीं फकत एक दिन की होती है। हर दिन नई सुबह नया दिन नई शाम और.. अंधेरी रात होती है। सुबह बच्चे सा पंछी-पंछी चहकता फू...
10.12.17

मेहमान नवाजी

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मेहमान नवाजी शब्द में वो मजा नहीं है जो अतिथि सत्कार में है.  मेहमान का स्वागत तो मोदी जी भी कर सकते  है,अतिथि का कर के दिखाएँ तो जाने! मे...
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Good Morning Sarnath

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यह मेरा नया ब्लॉग है. इसमें सारनाथ के चित्र, उससे सम्बन्धित जानकारी और प्रातः भ्रमण के दौरान मन में आये विचार सुबह की बातें शीर्षक से प्रका...
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