बेचैन आत्मा

21.12.10

नव वर्ष के शुभ संदेशे

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................................................ पहले प्रीतम की पाती में अब आते मोबाइल में। नया साल शुभ हो कहते हैं नई अदा, स्टाईल में।...
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19.12.10

सेंचुरियन का मतलब है सचिन तेंदुलकर....!

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............................................................................................. मैं नहीं जानता कि सेंचुरियन का वास्तविक अर्थ क...
18 comments:
17.12.10

ऐसा क्यों होता है ?

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......................................... न जाने क्यों जब प्रश्नों के अपने ही उत्तर बदलने लगते हैं अच्छे नहीं लगते। मेरे प्रश्न ...
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11.12.10

पहली मार्निंग वॉकिंग.....(व्यंग्यात्मक संस्मरण)

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............................................................... थोड़ी लम्बी हो गई है। चाहता तो दो किश्तों में भी प्रकाशित कर सकता था। आप...
47 comments:
9.12.10

मन की गाँठें खोल

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.............................. खुल्लम खुल्ला बोल रे पगले खुल्लम खुल्ला बोल । मन की गाँठें खोल रे पगले मन की गाँठें खोल ।। मैं अटका श्...
38 comments:
6.12.10

ब्लॉगर सम्मेलन

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.......................................                           जहाँ तहाँ हो रहे ब्लॉगर सम्मेलन की खबरें पढ़ कर हम भी पूरी तरह बगुलाए हु...
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3.12.10

यात्रा

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................ सुपरफास्ट ट्रेन में बैठकर तीव्र गति से भाग रहे थे तुम तुमसे बंधा यात्री की तरह बैठा खिड़की के बाहर देख रहा था मैं । चाहता थ...
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